गोस्वामी का कहना है कि हरक सिंह रावत ने उत्तराखंड में राजनीति का मजाक बनाकर रख दिया है। जब मर्जी जहां से चुनाव लड़ा जाए और जब मर्जी जिस पार्टी में शामिल हो जाए, यह परिपाटी प्रदेश के लिए सही नहीं है। इससे, पूरे देश में उत्तराखंड की किरकिरी हो रही है।
साथ ही सालों से निस्वार्थ भाव से पार्टी से जुड़े कार्यकर्ताओं का मजाक बन रहा है। इसलिए उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दिया है। दूसरी तरफ चर्चाओं का बाजार जोर पकड़ रहा है कि डा. हरक सिंह रावत को कांग्रेस भी केदारनाथ विस से प्रत्याशी बना सकती है। इन अटकलों के बीच पार्टी में तेजी रोष पनप रहा है, जो कभी भी विद्रोह के रूप में फूट सकता है।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष ईश्वर सिंह बिष्ट ने बताया कि जिला महामंत्री शैलेंद्र गोस्वामी ने इस्तीफा दिया है, जिसे अभी तक स्वीकार नहीं किया गया है। साथ ही अन्य कई पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने भी नाराजगी जताते हुए पदों से इस्तीफा देने की बात कही है। इस संबंध में प्रदेश अध्यक्ष व हाईकमान को अवगत करा दिया गया है। साथ ही पार्टीजनों से संकट की घड़ी में एकजुट होने को कहा गया है।