हल्द्वानी के कारपेंटर अब्दुल रसीद के घर चोरी किसी गैंग ने नहीं, बल्कि उसकी बहू ने की थी। पुलिस की जांच के दौरान बहू की चालाकी काम नहीं आई।
पुलिस ने बहू की निशानदेही पर चोरी गए जेवरात सर्राफा व्यवसायी की दुकान से बरामद कर लिए हैं। आरोपी बहू का कहना था कि उसने एक लाख का कर्ज उतारने के लिए अपने ही घर को निशाना बनाया था।
लाइन नंबर आठ निवासी कारपेंटर अब्दुल रसीद के घर 13 अगस्त को चोरी हुई थी, इसके बाद बनभूलपुरा चौकी प्रभारी नीरज भाकुनी ने परिवार के सभी सदस्यों का बयान लिया।
खंगाली सदस्यों के मोबाइल की कॉल डिटेल
घटनास्थल का मुआयना करने के बाद पुलिस को शक हुआ कि चोरी किसी बाहरी गैंग ने नहीं की है। इस मामले में पुलिस ने परिवार के सदस्यों के मोबाइल की कॉल डिटेल मंगाई।
पूछने पर घर की बहू साबरा पत्नी इरफान की लोकेशन बयान के विपरीत मिल रही थी।
साबरा का कहना था कि घटना के दिन वह टांडा दढ़ियाल जिला रामपुर स्थित मौलाना से मिलकर शाम को घर लौटी थी, लेकिन मोबाइल की लोकेशन लाइन नंबर आठ में आ रही थी।
कर्ज उतारने के लिए अपने ही घर में चोरी
बहू के मुताबिक उसके 3500 रुपए और कुंडल चोरों ने चुरा लिए थे। सच्चाई सामने आने पर साबरा आखिर गुरुवार को टूट गई।
उसने बताया कि घटना के एक दिन पहले उसने अपनी ननद के गले का सेट चुरा लिया था। जेवरात को उसने सराफा की दुकान पर गिरवी रख दिया। पुलिस ने चोरी गए कुंडल और अन्य जेवरात बरामद कर घटना का खुलासा किया।
आरोपी बहू का कहना था कि वह कमेटी का काम करती है। इस बीच उसने कमेटी का पैसा उठाकर घरेलू कार्यों में खर्च कर दिया था। एक लाख कर्ज होने पर उसने अपने ही घर में चोरी की।