अधिसूचना जारी न कर उन्हें शिक्षा मित्र में समायोजन से वंचित कर दिया गया। जबकि उनके साथ के कई शिक्षा आचार्य शिक्षा मित्र में समायोजन के बाद वर्तमान में प्राथमिक विद्यालयों में सहायक अध्यापक बन चुके हैं, लेकिन उनके मामले में जनप्रतिनिधियों एवं शासन के अधिकारियों के आश्वासन के बावजूद दोहरी नीति अपनाई जाती रही है।
शिक्षा सचिव आर मीनाक्षी सुंदरम के मुताबिक शिक्षा मित्र में समायोजन की व्यवस्था को समाप्त कर दिया गया है। अब इनके मामले में विचार नहीं किया जा सकेगा।