सेवानिवृत्त कर्मचारी की दो शादियों की स्थिति में अगर पहली पत्नी की मृत्यु कर्मचारी की मौत से पहले हो जाती है तो दूसरी पत्नी 100 प्रतिशत फैमिली पेंशन की हकदार है। पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने दो पत्नियों की स्थिति में पेंशन को लेकर बेहद अहम आदेश जारी करते हुए मृतक की विधवा से रिकवरी का आदेश खारिज कर दिया।
हाईकोर्ट में याचिका दाखिल करते हुए अमृतसर निवासी राधा रानी ने एसबीआई द्वारा उन्हें भेजे गए 364451 रुपये के रिकवरी नोटिस को चुनौती दी थी। याची ने बताया कि उनके पति पंजाब पुलिस में एएसआई थे। उनकी दो पत्नियां थीं। वह 24 अप्रैल 1983 को रिटायर हो गए थे।
पहली पत्नी मंजीत की मौत 2008 में हो गई थी और याची के पति की मौत 9 सितंबर 2012 को हुई। इसके बाद याची को फैमिली पेंशन के तौर पर 3520 रुपये मिलने लगे। अचानक 2 अगस्त 2019 को एसबीआई की ओर से राधा रानी को नोटिस मिला कि वह केवल 1760 रुपये पेंशन की हकदार हैं। कहा गया कि 10 सितंबर 2012 से 31 जुलाई 2019 के बीच उनको 364451 रुपये अतिरिक्त भुगतान हुआ है, उसकी रिकवरी की जाएगी।
सभी पक्षों को सुनने के बाद हाईकोर्ट ने कहा कि मृतक कर्मी की दो पत्नियों की स्थिति में फैमिली पेंशन दोनों में बराबर बांटी जाती है। इस मामले में एक पत्नी की मौत कर्मचारी की मृत्यु से पहले ही हो चुकी है और उसके कोई नाबालिग संतान भी नहीं थी जो फैमिली पेंशन की पात्र हो। कर्मचारी की मौत के समय उसकी केवल एक पत्नी जीवित थी, इसलिए वह 100 प्रतिशत फैमिली पेंशन की हकदार है।