ग्लोबल चुनौतियाें के बीच हरियाणा सरकार ने गुरुग्राम में हेली हब बनाने का बीड़ा उठाया है। केंद्र सरकार ने प्रदेश सरकार के इस फैसले पर मुहर लगा दी है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने बुधवार इस मामले में केंद्रीय नागर विमानन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया से मुलाकात कर हेली हब की घोषणा की है।
जेवर में हवाई अड्डे की घोषणा के बाद से सरकार के सामने यह चुनौती थी कि गुरुग्राम में निवेशकों को रिझाए रखा जाए, क्योंकि ढांचागत सुविधाओं को लेकर आज कर उत्तर प्रदेश सरकार भी गुरुग्राम में निवशकों को लुभाने में कोई कसर नहीं छोड़ रही है। इस प्रोजेक्ट को देखते हुए हरियाणा सरकार ने एयर टर्बाइन फ्यूल पर वैट दरों को 20 प्रतिशत से घटाकर 1 प्रतिशत तक कम किया जाना निश्चित किया है।
उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला वीडियो कान्फ्रेंस के माध्यम से बैठक में शामिल हुए। इसके अलावा, एकीकृत विमानन हब, हिसार, हवाई पट्टी करनाल, हवाई पट्टी,अंबाला के विकास और पायलेट प्रशिक्षण स्कूल, भिवानी व पायलेट प्रशिक्षण स्कूल नारनौल और हरियाणा में विमान सेवाओं के रूट पर भी चर्चा हुई।
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मीडिया से बातचीत में मुख्यमंत्री ने बताया कि गुरुग्राम में हेली-हब स्थापित किए जाने के लिए हरियाणा सरकार द्वारा भूमि को चिह्नित कर केंद्र को शीघ्र ही प्रस्ताव भेजा जाएगा। हेली-हब स्थापित होने के परिणामस्वरूप इंटरसिटी व इंट्रासिटी हेलिकॉप्टर की सुविधा होने से हवाईअड्डे को भी सपोर्ट मिल सकेगा।
उन्होंने बताया कि एकीकृत विमानन हब हिसार को वर्ष 2023 तक विकसित कर लिया जाएगा। करनाल व अंबाला की हवाई पट्टियों का भी विकास करवाया जाएगा। भिवानी में स्थापित हो रहे पायलेट प्रशिक्षण स्कूल का शुभारंभ किए जाने के लिए केंद्रीय नागर विमानन मंत्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया को निमंत्रण भी दिया गया है।
देश का सबसे बड़ा हेली हब होगा : दुष्यंत
उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने अमर उजाला से बातचीत में बताया कि हेली हब वह होता है जहां कई हेलिकॉप्टर उतरें और उनकी रिपेयर भी हो, जो हमारा ग्लोबल सिटी प्रोजेक्ट है। इसमें हमने पहले ही प्रावधान किया है। यहां एक एविएशन म्यूजियम होगा। पहला ऐसा सेंटर होगा जिसमें मिनट टू मिनट कनेक्टिविटी होगी। मिलेनियम सिटी के नाम से टाउनशिप प्लान कर रहे हैं। उसमें पांच लाख लोगों के रुकने का प्रावधान किया गया है। पांच लाख लोग एक कैंपस में होंगे तो कनेक्टिविटी जरूरी है।