सीएम मनोहर लाल, डीएसपी सुरेंद्र सिंह।
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हरियाणा के नूंह में ड्यूटी के दौरान प्राणों की आहुति देने वाले डीएसपी सुरेंद्र सिंह को हरियाणा सरकार शहीद का दर्जा देगी। डीएसपी के परिवार को एक करोड़ रुपये (50 लाख बैंक और 50 लाख सरकार) की सहायता और सरकारी नौकरी भी दी जाएगी। यह घोषणा मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने की है। उन्होंने कहा कि सुरेंद्र सिंह ने पूरी बहादुरी और ईमानदारी से ड्यूटी करते हुए अपने जीवन का बलिदान दिया है।
उनका यह बलिदान सदैव याद रखा जाएगा, उनकी कर्तव्यनिष्ठा और बहादुरी पर सभी को गर्व है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में खनन माफिया पर लगाम लगाने को प्रतिबद्ध है। मामले के दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। खनन इलाके के पास पुलिस चौकियां स्थापित की जाएंगी साथ ही दूसरे राज्यों से लगते बॉर्डर पर भी चौकियां बनाई जाएंगी। जिस डंपर से डीएसपी की हत्या की गई उसकी पहचान कर ली गई है।
डंपर के मालिक की आसपास ही छिपे होने की सूचना है। पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जल्द दोषियों को पकड़कर कड़ी कार्रवाई की जाए। डीजीपी और एडीजीपी सीआईडी को मौके पर जाने के भी निर्देश दिए हैं। इससे पहले गुरुग्राम के एक कार्यक्रम में पहुंचे मुख्यमंत्री ने मौन रखकर डीएसपी सुरेंद्र सिंह को श्रद्धांजलि दी। मुख्यमंत्री ने शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि वे इस दुख की घड़ी में परिवार के साथ हैं। मुख्यमंत्री ने परिवार को आश्वस्त किया कि दोषियों को जल्द गिरफ्तार कर कड़ी सजा दिलवाई जाएगी।
चाहे रिजर्व पुलिस बुलानी पड़े, बख्शे नहीं जाएगी आरोपी: विज
हरियाणा के गृह मंत्री अनिल विज ने कहा कि मामले में किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा और सख्त से सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। आदेश दे दिए गए हैं कि सारे जिले की पुलिस और आसपास के जिलों की पुलिस व रिजर्व पुलिस को बुलाना पड़ता है तो बुलाकर डीएसपी की हत्या करने वालों को पकड़ा जाए। किसी को भी छोड़ा नहीं जाएगा। पुलिस मौके पर पहुंच गई है और हत्या करने वालों को राउंडअप किया जा रहा है।