मोहाली में अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठे शिक्षकों को अब दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का साथ मिल गया है। आप के राष्ट्रीय संयोजक 27 नवंबर यानि आज शिक्षकों के धरने में शामिल होने पंजाब दौरे पर आ आएंगे। नवंबर में यह उनका दूसरा चुनावी दौरा होगा। इससे पहले वह पंजाब के शिक्षकों के लिए आठ गारंटी देने की घोषणा कर चुके हैं।
अरविंद केजरीवाल मोहाली में धरने पर बैठे और पानी की टंकी पर सवार शिक्षकों के समर्थन में दिल्ली से पंजाब आ रहे हैं। पंजाब के अपने हाल के दो दिवसीय दौरे के दौरान पंजाब में शिक्षा के क्षेत्र में क्रांतिकारी सुधारों के लिए शिक्षकों को आठ गारंटी देने की घोषणा कर चुके हैं। इस दौरान अरविंद केजरीवाल ने पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी से अपील की थी कि शिक्षक लंबे समय से नौकरियों के लिए लड़ रहे हैं।
योग्य शिक्षकों की तत्काल मांगें मुख्यमंत्री मानें, ताकि शिक्षक धरने पर न बैठें। अगर उनकी मांगों पर अमल किया जाएगा तो वह पानी की टंकियों से उतरकर घर को जा सकेंगे। अपील के बाद केजरीवाल ने चन्नी सरकार को चेतावनी भी दी थी कि अगर चन्नी सरकार ने संघर्षरत शिक्षकों की समस्या का तत्काल समाधान नहीं किया तो वह खुद इन बेरोजगार शिक्षकों के धरने में शामिल होने को मजबूर होंगे।
परगट बोले- स्कूली शिक्षा में पंजाब बना देश में नंबर वन
पंजाब के शिक्षा मंत्री परगट सिंह और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने एक-दूसरे पर तंज कसना शुरू कर दिया है। परगट सिंह ने कहा है कि दिल्ली के मुख्यमंत्री का पंजाब की शिक्षा व्यवस्था पर बोलना ठीक नहीं है, क्योंकि पंजाब देश में शिक्षा में नंबर वन है और दिल्ली छह नंबर पर है। केजरीवाल ने भी परगट सिंह पर पलटवार किया है कि जो लोग पंजाब की शिक्षा व्यवस्था से खुश हैं, वह कांग्रेस को वोट दें और जो नाखुश हैं वह आप को वोट और सपोर्ट करें।