प्रारंभिक पूछताछ के बाद सभी छह आरोपियों को रविवार को न्यायालय में पेश किया। तीन आरोपी न्यायालय के आदेशानुसार न्यायिक हिरासत में भेज दिए हैं। आरोपी रमेश, संदीप और नरेंद्र को व्यापक पूछताछ के लिए नौ दिन की रिमांड पर लिया है। पता लगाया जा रहा है कि आंसर-की गिरोह के पास कहां से आई और किसने दी और कितने अभ्यर्थियों तक पहुंचाई गई थी। - लोकेंद्र सिंह, एसपी कैथल
कुनाल की पत्नी ने दी थी क्लर्क की परीक्षा
गांव दरियापुर निवासी आरोपी कुनाल ने अपनी पत्नी की क्लर्क परीक्षा पास करवाने के लिए कैथल के भान सिंह को आठ लाख रुपये दिए थे। कुनाल की पत्नी की परीक्षा पास नहीं कर पाई थी। कुनाल अपने आठ लाख रुपये निकलवाना चाहता था। भान सिंह ने उससे कहा कि रुपये के बदले वह किसी की भी सिपाही भर्ती परीक्षा पास करवा देगा।
कुनाल इसके बाद ही जंडवाला सोत्तर निवासी वीरेंद्र से परीक्षा पास करवाने के नाम पर 18 लाख में सौदा कर रहा था। डीएसपी दलजीत सिंह बैनीवाल ने बताया कि वीरेंद्र ने अपनी शिकायत में बताया था कि आरोपियों ने कहा था कि सिरसा में उसका पेपर करवा देंगे लेकिन उन्होंने उसकी मदद नहीं की। डील में उसका कोई लेनदेन नहीं हुआ। इसके बाद भानसिंह, कुनाल और सतीश को गिरफ्तार किया।