648 योग सहायकों को नियुक्त किया गया है। योगशालाओं की कैटेगरी बनाई जाए ताकि उनका मूल्यांकन किया जा सके। उन्होंने कहा कि योजना आरंभ करने का मुख्य उद्देश्य युवाओं को योग के अलावा कबड्डी व अन्य ग्रामीण पृष्ठभूमि के पारंपरिक खेलों से जोड़ना है।
मनोहर लाल ने कहा कि हरियाणा योग आयोग की सलाह पर पतंजलि से प्रशिक्षित योग साधकों को 11 हजार रुपये के मानदेय पर योग सहायक लगाया गया था, जिन्हें अब एचकेआरएन के तहत लाकर उनका मानदेय बढ़ाकर 17 हजार रुपये किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि योग सहायकों की जिलावार नियुक्ति को भी तर्कसंगत बनाया जाए।
बैठक में बताया गया कि व्यायामशालाओं के निर्माण के कार्य ग्रामीण विकास विभाग को पूरे स्टेट फंड से करवाने की जिम्मेदारी दी गई थी। अब इसे 20:80 अनुपात में किया जाएगा। योजना की रूपरेखा के तहत व्यायामशालाओं में चाहरदीवारी, वाकिंग ट्रैक, योग के लिए शेड इत्यादि होना अनिवार्य है।
यूथ क्लबों की सक्रियता बढ़ाई जाए
मनोहर लाल ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि ग्रामीण क्षेत्रों में योगशालाओं के संचालन में यूथ क्लबों की सक्रियता बढ़ाई जाए, इसके लिए ग्रामीण विकास विभाग तत्काल मैपिंग करे कि किन गांवों में रजिस्टर्ड यूथ क्लब हैं। इसके अलावा गांवों में कोई न कोई पार्क या ऐसा कोई स्मार्ट स्थान होना चाहिए जहां लोग अपनी दिनचर्या के बारे चर्चा कर सकें।