पंजाब नेशनल बैंक को करोड़ों रुपये का चूना लगाने वाले नीरव मोदी को सिंगापुर उच्च न्यायालय से झटका मिला है। अदालत ने ब्रिटिश वर्जिन आईलैंड में पंजीकृत पवेलियन प्वाइंट कॉर्प कंपनी के खाते को फ्रीज करने का आदेश दिया है। इस खाते में 44.41 करोड़ रुपये मौजूद हैं।
इस खाते के लाभकारी मयंक मेहता और पूर्वी मोदी हैं। जो नीरव मोदी के बहन-बहनोई हैं। अदालत ने यह आदेश प्रवर्तन निदेशालय के उस अनुरोध पर दिया है जिसमें कहा गया था कि इस खाते में मौजूद राशि अपराध का परिणाम है। इसमें पीएनबी घोटाले की रकम को अवैध तरीके से भेजा गया है।
इससे पहले स्विट्जरलैंड के अधिकारियों ने 27 जून को नीरव मोदी और उसकी बहन के चार स्विस खातों से लेनदेन पर रोक लगा दी थी। यह जानकारी आधिकारिक सूत्रों ने दी थी। भारत में नीरव मोदी के खिलाफ चल रहे आपराधिक धन शोधन (मनी लांड्रिंग) मामले के तहत यह कार्रवाई की गई थी।
सूत्रों ने बताया था कि वर्तमान में इन खातों में कुल 283.16 करोड़ रुपये जमा हैं। ईडी के अनुरोध पर स्विटजरलैंड के अधिकारियों ने इन बैंकों के परिचालन पर रोक लगाई है। ईडी ने बताया था कि दोनों ने भारत में बैंक धोखाधड़ी से अर्जित राशि इन बैंक खातों में जमा कराई है।
सूत्रों के मुताबिक ईडी ने कुछ समय पहले स्विस अधिकारियों से इसको लेकर धनशोधन रोकथाम अधिनियम (पीएमएलए) के प्रावधानों के तहत आधिकारिक तौर पर अनुरोध भेजा था। सूत्रों के मुताबिक बैंक धोखाधड़ी मामले में लंदन में गिरफ्तार नीरव मोदी के खाते में 3,74,11,596 डॉलर जमा हैं।
वहीं उसकी बहन पूर्वी मोदी के खाते में 27,38,136 पौंड जमा हैं। उनके मुताबिक कुल जमा राशि 283.16 करोड़ रुपये के आसपास है। इस बात की उम्मीद है कि केंद्रीय जांच एजेंसी अब पीएमएलए के तहत इन बैंक खातों को कुर्क करने की दिशा में कदम उठाएगी।