पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने 1972 में ऑक्सफोर्ड विवि के केबल कॉलेज से अर्थशास्त्र और राजनीति शास्त्र की पढ़ाई की। उन्होंने अपना पहला टेस्ट डेब्यू मैच 1971 में खेला और ऑक्सफोर्ड विवि की क्रिकेट टीम के कप्तान भी रहे। इसके अलावा खान 2005 से 2014 तक ब्रैडफोर्ड विवि के कुलपति भी रहे। इस बार ऑक्सफोर्ड विवि में चांसलर का चुनाव होना है।
जेल में बंद पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान अब ऑक्सफोर्ड विवि के चांसलर पद का चुनाव लड़ेंगे। पहली बार चांसलर चुनाव के लिए होने वाली ऑनलाइन मतदान प्रक्रिया में इमरान खान जेल से भाग लेंगे। इमरान के एक सहयोगी के मुताबिक इमरान ने चुनाव को लेकर तैयारी शुरू कर दी है।
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पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने 1972 में ऑक्सफोर्ड विवि के केबल कॉलेज से अर्थशास्त्र और राजनीति शास्त्र की पढ़ाई की। उन्होंने अपना पहला टेस्ट डेब्यू मैच 1971 में खेला और ऑक्सफोर्ड विवि की क्रिकेट टीम के कप्तान भी रहे। इसके अलावा खान 2005 से 2014 तक ब्रैडफोर्ड विवि के कुलपति भी रहे। इस बार ऑक्सफोर्ड विवि में चांसलर का चुनाव होना है।
जानकारी के मुताबिक पूर्व पाक पीएम इमरान खान ने जेल से ही ऑक्सफोर्ड विवि का चांसलर चुनाव लड़ने का फैसला किया है। वह 10 साल की सजा के बावजूद जेल से ही ऑनलाइन चुनाव प्रक्रिया में हिस्सा लेंगे। खान के विदेश मामलों के सलाहकार सैयद जुल्फी बुखारी ने बताया कि वह जनता की मांग पर चांसलर पद का चुनाव लड़ना चाहते हैं। इससे पहले गुरुवार को बुखारी ने कहा था कि चुनाव लड़ने को लेकर इमरान खान से बात हुई है। इसे लेकर 24-48 घंटे में फैसला लिया जाएगा। बुखारी ने बताया कि विवि में चांसलर पद के लिए पूर्व प्रधानमंत्री सर टोनी ब्लेयर और बोरिस जॉनसन मैदान में हैं।
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इसलिए जेल में हैं इमरान
पाकिस्तान तहरीक एक इंसाफ पार्टी (पीटीआई) के संस्थापक इमरान खान अगस्त 2018 से अप्रैल 2022 तक पाकिस्तान के प्रधानमंत्री रहे। खान को पिछले साल 5 अगस्त को पाकिस्तान के चुनाव आयोग द्वारा दायर पहले तोशाखाना भ्रष्टाचार मामले में दोषी ठहराए जाने के बाद गिरफ्तार किया गया था। उनको नौ साल की सजा सुनाई गई थी। उनके खिलाफ तीन और मामले चल रहे हैं। बीते एक साल से वह रावलपिंडी की उच्च सुरक्षा वाली अदियाला जेल में बंद हैं।
पहली बार ऑनलाइन होगा मतदान
ऑक्सफोर्ड विवि के चांसलर 80 वर्षीय लॉर्ड पैटन ने हाल ही में इस्तीफा दिया है। वे 21 साल तक विवि के चांसलर रहे। उनके इस्तीफे के बाद यहां चांसलर का पद रिक्त हो गया है। विवि के चांसलर चुनाव में अब तक यहां से ग्रेजुएट हुए छात्र-छात्राएं फुल शैक्षिक ड्रेस में विवि पहुंचकर मतदान करते थे। यह पहला मौका है जब ऑक्सफोर्ड विवि में चांसलर का चुनाव ऑनलाइन मतदान से होगा। मतदान में 3.5 लाख से ज्यादा पूर्व छात्र भाग लेंगे। विवि के मुताबिक चांसलर बनने का मौका यहां के ग्रेजुएट और अधिकांशत: राजनेताओं को मिलता है।