जंग के बीच यूक्रेन में फंसे भारतीयों व अन्य देशों के लोगों को निकालने में भारत अहम भूमिका निभा रहा है। पीएम नरेंद्र मोदी की पहल पर पुतिन व जेलेंस्की जंग रोक कर मानवीय गलियारे से लोगों को सुरक्षित निकालने का मौका दे रहे हैं। वहां फंसे कई पाकिस्तानी भी कीव स्थित भारतीय दूतावास की मदद लेकर निकल रहे हैं। ये लोग भारत का आभार जता रहे हैं।
#WATCH | Pakistan's Asma Shafique thanks the Indian embassy in Kyiv and Prime Minister Modi for evacuating her.
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Shas been rescued by Indian authorities and is enroute to Western #Ukraine for further evacuation out of the country. She will be reunited with her family soon:Sources pic.twitter.com/9hiBWGKvNp
सूत्रों ने बताया कि आसमा शफीक को कीव स्थित भारतीय दूतावास के अधिकारियों ने बचा लिया है। वह युद्धग्रस्त इलाके में फंस गई थी। वह भारी मुसीबतों का सामना कर रही थी। इसी बीच उसे भारतीय दूतावास से लोगों को सुरक्षित निकालने के प्रयासों का पता चला तो उसने भारतीय अधिकारियों से संपर्क किया। इस पर आसमा को भी अन्य भारतीयों के साथ निकालकर पश्चिमी यूक्रेन ले जाया जा रहा है। वह जल्द ही अपने परिवार तक पहुंच जाएगी।
9 बांग्लादेशियों को भी सुरक्षित निकाला, हसीना ने कहा- 'थैंक्यू पीएम मोदी'
भारतीय अधिकारियों ने 'आपरेशन गंगा' के तहत यूक्रेन से 9 बांग्लादेशियों को भी सुरक्षित निकाला है। इस पर बांग्लादेश की पीएम शेख हसीना ने पीएम नरेंद्र मोदी के प्रति आभार जताया है। इनके अलावा भारत ने नेपाली व ट्यूनीशिया के विद्यार्थियों को भी यूक्रेन में अपने बचाव अभियान के तहत सुरक्षित निकाला है।
यूक्रेन में पिछले 13 दिनों से जंग जारी है। मंगलवार को कुछ घंटों के लिए युद्ध रोक कर मानवीय गलियारे से बड़ी संख्या में लोगों को निकाला गया। फंसे भारतीयों व अन्य लोगों को निकालने के लिए पीएम मोदी ने रूस के राष्ट्रपति पुतिन व यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की से फोन पर चर्चा की थी। दोनों नेता इस पर कुछ घंटों के लिए जंग रोकने पर रजामंद हो गए थे। जंग के बीच कई बार संघर्ष रोक कर लोगों को निकाला गया है। उधर, यूक्रेन की सड़कों पर शव बिखरे पड़े हैं। गंभीर मानवीय संकट खड़ा हो गया है। लाखों लोग विस्थापित हो गए हैं। सैकड़ों जानें जा चुकी हैं।