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बांग्लादेश: सांप्रदायिक तनाव पर विदेश मंत्री ने तोड़ी चुप्पी, बोले- नहीं तोड़ा गया कोई मंदिर और ना हुई रेप की घटना

Fri, 29 Oct 2021 09:05 AM IST
प्रशांत कुमार झा वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, ढाका

सार

बांग्लादेश के विदेश मंत्री डॉ एके अब्दुल मोमन ने हाल की हिंसा की घटनाओं पर एक बयान जारी किया और कहा कि हाल ही में हुई सांप्रदायिक हिंसा के दौरान देश में किसी के साथ ना तो दुष्कर्म हुआ और ना ही हिंदू मंदिर को नुकसान पहुंचाया गया है ।इस तरह की खबरें पूरी तरह से प्रोपगेंडा का हिस्सा है। 
 
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बांग्लादेश में हिंदुओं पर हमला - फोटो : Twitter@ Jai Rajputana
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विस्तार
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 बांग्लादेश में दुर्गा पूजा के दौरान पंडालों और मंदिरों में हुई हिंसा को लेकर मीडिया में चल रही खबरों पर यहां के विदेश मंत्री ने चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने सांप्रदायिक हिंसा वाली सभी खबरों को प्रोपगेंडा का हिस्सा करार दिया है। विदेश मंत्री डॉ. एके अब्दुल मोमेन ने बताया कि हाल में हुई हिंसा में सिर्फ 6 लोगों की मौत हुई थी। इसमें 4 मुस्लिम समुदाय से थे और दो हिंदू समुदाय के लोग थे। एक हिंदू की मौत सामान्य तौर से हुई थी, जबकि दूसरे हिंदू की मौत तालाब में छलांग लगाने से हुई। हिंसा के दौरान न तो किसी मंदिर को नुकसान पहुंचाया गया और न ही किसी महिला के साथ दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया गया। इस तरह की खबरें पूरी तरह से निराधार और भ्रामक है।

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उन्होंने कहा "कुछ उत्साही मीडिया" और सोशल मीडिया पर इस तरह की कहानी फैलाई गई।यह धार्मिक सद्भाव के लिए प्रतिबद्ध सरकार को शर्मिंदा करने के लिए किया गया था। विदेश मंत्री डॉ. एके अब्दुल मोमेन ने यह भीजोर दिया कि हाल के वर्षों में, बांग्लादेश में हर जगह पूजा मंडपों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है क्योंकि सरकार उनके लिए पैसा देती है। 

मुठभेड़ के दौरान 6 लोगों की हुई थी मौत
समाचार एजेंसी एएनआई ने हाल में हुई सांप्रदायिक हिंसा की घटनाओं को लेकर बांग्लादेश के विदेश मंत्री डॉ. एके अब्दुल मोमेन का बयान जारी किया।बयान में विदेश मंत्री मोमेन ने कहा, ‘सभी चल रहे प्रचारों के विपरीत हाल की हिंसा के दौरान केवल 6 लोग मारे गए। पुलिस मुठभेड़ के दौरान 4 मुस्लिम और 2 हिंदू भी मारे गए थे. इनमें से एक की मौत सामान्य थी, जबकि दूसरे ने तालाब में कूदकर जान गंवाई.य हिंसक घटनाओं के दौरान किसी का रेप नहीं हुआ और न ही किसी मंदिर को नष्ट किया गया। उन्होंने कहा कि  कुछ मूर्तियों को तोड़ा गया है। ऐसी घटनाएं दुर्भाग्यपूर्ण हैं, जो नहीं होनी चाहिए थी।

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