जापान की राजधानी टोक्यो बुधवार को भूकंप के तेज झटकों से हिल गई। यहां रात के 8.06 बजे भूकंप के तेज झटके लगे। राष्ट्रीय भूकपं विज्ञान केंद्र के अनुसार, रिक्टर पैमाने पर 7.1 की भूकंप की तीव्रता माप गई। इसके बाद उत्तरी जापान में सुनामी की चेतावनी जारी की गई।
नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी के अनुसार, बुधवार रात लगभग 8:06 बजे जापान के टोक्यो से 297 किमी उत्तर पूर्व में 7.1 तीव्रता का भूकंप आया। टोक्यो इलेक्ट्रिक पॉवर कंपनी के हवाले से एएफपी न्यूज़ एजेंसी ने बताया कि इसके बाद करीब 20 लाख घरों की बिजली गुल हो गई।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस इलाके में आज से 11 साल पहले यानी 2011 में भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए। इसके बाद यहां सुनामी भी आई थी, जिसने फुकुशिमा परमाणु आपदा का रूप ले लिया था। 2011 में 11 मार्च को नौ तीव्रता के भूकंप से पूर्वोत्तर जापान कांप गया था और इसके बाद आई सुनामी में 18 हजार से ज्यादा लोगों की मौत हुई थी।
जापान सरकार के बयान में कहा गया कि फुकुशिमा न्यूक्लियर प्लांट पर पैनी नजर रखी जा रही है। जापान में भूकंप आते रहते हैं, क्योंकि यह रिंग ऑफ फायर क्षेत्र में आता है। यहां मकान और बड़ी इमारतें का डिजाइन इस तरह से तैयार किया जाता है ताकि वे भूकंप झटके झेल सकें।
इससे पहले 22 जनवरी को दक्षिण-पश्चिमी और पश्चिमी जापान में भूकंप के झटके महसूस किए गए थे। भूकंप की तीव्रता 6.4 मापी गई थी। इसमें 10 लोग घायल हुए थे। जापान मौसम विज्ञान एजेंसी के अनुसार, भूकंप का केंद्र क्यूशू द्वीप के पास था, जो 40 किलोमीटर (24.8 मील) की गहराई पर था।