संवाद न्यूज एजेंसी नैनीताल। उत्तराखंड परिवर्तन पार्टी (उपपा) ने प्रदेश की भाजपा सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए वर्ष 2027 में सत्ता परिवर्तन का आह्वान किया है। पार्टी 9 से 11 अगस्त तक प्रदेश के नौ विधानसभा क्षेत्रों में जन संवाद यात्रा निकालेगी। यात्रा के माध्यम से जनता से संवाद कर प्रदेश की राजनीतिक, सामाजिक और आर्थिक परिस्थितियों पर चर्चा की जाएगी। पार्टी अध्यक्ष प्रताप ध्यानी ने आरोप लगाया कि सरकार के खिलाफ उठने वाली आवाजों को दबाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि पेपर लीक, भ्रष्टाचार और बेरोजगारी जैसे मुद्दों से युवा और आम जनता परेशान हैं। उत्तराखंड में खेती-किसानी चौपट हो रही है और लोगों के सामने सुरक्षित जीवन का संकट खड़ा है। उन्होंने लोकतांत्रिक और जनपक्षीय शक्तियों से व्यवस्था परिवर्तन के लिए एकजुट होने का आह्वान किया। पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व अध्यक्ष पीसी तिवारी ने कहा कि उत्तराखंड राज्य के लिए जनता ने लंबा संघर्ष और बलिदान दिया, लेकिन राज्य बनने के बाद राजनीतिक दल राज्य आंदोलन की मूल अवधारणा को बचाने में विफल रहे। उन्होंने कहा कि अब राजनीतिक दलों को कुर्सी के लिए नहीं, बल्कि राज्य और जनता के हितों के लिए एकजुट होना होगा। पीसी तिवारी ने भ्रष्टाचार पर रोक लगाने और जनता की भागीदारी से विकास करने की जरूरत बताई। उन्होंने सरकार पर पर्यावरण, जंगलों, नदियों और पहाड़ों को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया। पार्टी नेताओं ने कहा कि जनता की आवाज दबाने वाली सरकार को सत्ता से हटाने के लिए व्यापक जन संवाद और राजनीतिक एकजुटता जरूरी है। माफिया उत्तराखंड छोड़ो के नारे के साथ जन संवाद यात्रा शुरू की जाएगी। इस दौरान पार्टी के वक्ता दिनेश उपाध्याय भी मौजूद रहे। संवाद