नैनीताल जिला कोर्ट को दो बार मेल में बम से उड़ाने की धमकी के बाद भी पुलिस जिला कोर्ट में सुरक्षा व्यवस्थाएं नहीं कर पाई है। कोर्ट के अंदर प्रवेश करने वाले चार गेटों पर सुरक्षा के लिए पुलिस ने एक डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर लगाया है। पुलिस की मौजूदगी के बाद भी डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर से गिने चुने लोग गुजर रहे हैं। अधिवक्ताओं ने जिसकी निंदा की है। बता दें कि बीते सोमवार व मंगलवार को अज्ञात मेल से जिला जज की आधिकारिक मेल आईडी पर दो मेल आये हैं। जिसमें जिला कोर्ट को आरडीएक्स लगाकर उड़ाने की बात कही गई थी। मेल के बाद कोर्ट परिसर समेत पूरे शहर में हड़कंप मच गई। लोग अब भी दहशत में हैं। कोर्ट कर्यालय लिपिक की शिकायत पर पुलिस ने दो मेलों के आधार पर दो अज्ञातों के खिलाफ दो मुकदमे दर्ज कर दिए हैं। पुलिस की ओर से मामले में जांच भी की जा रही है। इधर आईजी रिद्धिम अग्रवाल व एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी के अनुसार कोर्ट परिसर में सुरक्षा व्यवस्थाएं चाक चौबन्ध कर दी गई हैं। लेकिन अमर उजाला की टीम की ओर से जब बुधवार को पड़ताल की गई तो पुलिस की बातें झूठी नजर आई। दोपहर एक बजे कोर्ट के मुख्य गेट पर एक डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर के साथ पुलिस बल तैनात किया गया था। लेकिन उसमें से भी गिने चुने लोग ही गुजर रहे थे। जिसको ड्यूटी पर तैनात पुलिस कर्मी अनदेखा कर रहे थे। वहीं मुख्य गेट के बगल में कमिश्नरी के गेट, कलेक्ट्रेट के सामने वाला गेट व तहसील से कोर्ट में प्रवेश करने वाले गेट पर न तो कोई पुलिस तैनात थी न ही कोई डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर स्थापित किया था। जहां से हर कोई गेट के अंदर आ रहा था। वहीं अव्वक्ताओं का कहना है कि मामले में पुलिस की अनदेखी कोर्ट की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ कर रही है।