काशी में कार्तिक पूर्णिमा को लेकर लाखों लोगों ने गंगा स्नान कर पुण्य-लाभ कमाया। इसके बाद भक्तों ने मां गंगा और बाबा विश्वनाथ का पूजन किया। प्रत्येक घाट पर हजारों की संख्या में लोगों को जुटान हुआ था। वाराणसी के साथ अन्य जिलों से भी लोग गंगा स्नान के लिए पहुंचे थे। घाट के उस पार भी स्नान का दौर चलता रहा। पूरे घाट पर हर-हर गंगे, हर-हर महादेव का उद्घोष गूंज रहा था।