राष्ट्रीय लोक दल (रालोद) के राष्ट्रीय अध्यक्ष व केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी ने बुधवार को मथुरा के मांट क्षेत्र में टेंटीगांव में आयोजित एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए किसानों, नौजवानों और धनगर समाज के हितों के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि आपका आशीर्वाद ही मेरी ताकत है, मैं दिल्ली में आपकी ही आवाज बुलंद करने के लिए बैठा हूँ। आपके हक और न्याय के साथ कभी समझौता नहीं होगा। सामाजिक और आर्थिक बदलाव में महिलाओं के योगदान को रेखांकित किया। लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर के लोकतांत्रिक संस्कारों का स्मरण करते हुए देश की उद्यमी महिलाओं और युवाओं के लिए रालोद के मंच को एक 'सेतु' बताया। उन्होंने घोषणा की कि पार्टी की हर बैठक में अब नए विचारों और नवाचारों (स्टार्टअप) से जुड़े ग्रामीण नौजवानों व उद्यमियों को मंच दिया जाएगा, ताकि उनकी जीवन यात्रा से नई पीढ़ी प्रेरणा ले सके। चौधरी चरण सिंह की महान विरासत का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि आज देश की राजनीति के केंद्र बिंदु में किसान और कामगार हैं। एनडीए सरकार द्वारा लगातार तीसरी बार सत्ता में आते ही किसान सम्मान निधि की 17वीं किस्त जारी करना इस बात का प्रमाण है। मानसून की अनिश्चितता और भीषण गर्मी के बीच उन्होंने वैज्ञानिकों तकनीकों और कम जल संसाधनों के उपयोग से बेहतर पैदावार करने वाले अन्नदाताओं के धैर्य को नमन किया। उन्होंने देश के रिकॉर्ड अनाज उत्पादन का श्रेय भी किसानों की मेहनत को दिया।