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VIDEO: 'मत उलझो मेरे वतन से, नहीं तो मर जाओगे कसम से', शहीद मेला में कवियों ने किया मंत्रमुग्ध

अरुन पाराशर Updated Mon, 09 Feb 2026 08:36 PM IST

मैनपुरी के बेवर में शहीद मेला ग्राम विकास प्रदर्शनी के अवसर पर अखिल भारतीय कवि सम्मेलन का आयोजन रविवार रात किया गया। सम्मेलन में कवियों ने भावपूर्ण एवं हास्य-व्यंग्य से भरपूर रचनाओं से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। कवि यशपाल यश, डॉ. अंजना कुमार, डॉ. अजय अटल, रजनी सिंह (अवनी), विख्यात मिश्रा और हास्य रस के कवि सबरस मरसीन ने काव्यपाठ किया। सवरस मुरतानी ने ऊंचा है हिंद गगन से, जोशीला पवन अगन से। मत उलझो मेरे वतन से, नहीं तो मर जाओगे कसम से पंक्ति पढ़ी। विख्यात मिश्रा ने कहा कि हे तिरंगे तू निश्चित होकर फहर, सरहदों पर अभी छातियां हैं। मेला समिति ने सभी कवियों को शॉल एवं प्रतीक चिह्न भेंटकर सम्मानित किया।

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