निचलौल ब्लॉक क्षेत्र के दुर्गम इलाकों में बसे सोहगीबरवा,भोतहा और शिकारपुर गांव के लोगों को स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ लेने के लिए भटकना पड़ रहा है। ग्रामीणों के मुताबिक विभाग के जिम्मेदारों की मनमानी के चलते यहां पर संचालित राजकीय आयुर्वेदिक अस्पताल का करीब चार महीनों से ताला नहीं खोला गया है। वहीं, जिम्मेदारों के रजिस्टर में दर्ज आंकड़ों के अनुसार हर महीने ओपीडी में करीब 150 रोगियों का इलाज कर दवा वितरित की जाती है। हालांकि जिम्मेदारों की मनमानी के चलते ग्रामीणों में काफी आक्रोश है।