भीतरगांव ब्लॉक के नौरंगा क्षेत्र में इन दिनों दरख्त हरे-भरे पुराने पेड़ अचानक खड़े-खड़े सूख रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में ईंट भट्ठों की बढ़ती संख्या और उनसे निकलने वाली जहरीली गैसें इस तबाही का मुख्य कारण हैं। क्षेत्र में ईंट भट्ठों की भरमार है। चिमनियों से चौबीसों घंटे निकलने वाला काला धुआं और सल्फर डाई-ऑक्साइड जैसी विषैली गैसें वातावरण में जहर घोल रही हैं। जिससे बरगद, नीम और आम जैसे मजबूत और पुराने पेड़ अब देखते ही देखते ठूंठ में तब्दील हो रहे हैं।