कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जिलाध्यक्ष डा प्रमोद कुमार सिंह के नेतृत्व में असम के मुख्यमंत्री हेमंत बिस्व शरमा का प्रतीक पुतला दहन कर नारेबाजी की। उनके चुनाव को रद्द करते हुए आजीवन चुनाव लड़ने पर प्रतिबंध लगाने की मांग की गई। वे असम के मुख्यमंत्री हेमंत बिस्व शरमा द्वारा कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, उनके परिवार और कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता पवन खेड़ा को दी गई गालियां एवं अमर्यादित भाषा बोले जाने से आक्रोशित थे।