एटा के जलेसर में श्री सहस्त्र चंडी महायज्ञ एवं प्रवचन कार्यक्रम में महाराज कालीचरण ने कहा कि ईश्वर को पाने का विज्ञान धर्म है। अध्यात्म का विज्ञान धारण करना मतलब धर्म है। कालीचरण महाराज ने सनातन धर्म पर कहा सनातन कल भी था, आज भी है और कल भी रहेगा। सत्य तत्व की स्थापना पर बोलते हुए उन्होंने कहा सत्य की स्थापना के लिए ईश्वर और धर्म की जीवन में स्थापना करना जरूरी है। विज्ञान में भी ईश्वर को पाने के लिए धर्म आवश्यक है। इससे पूर्व महाराज ने शिव तांडव स्तोत्र एवं चंडी स्तोत्र का भी पाठ किया। सनातन धर्म के प्रचार-प्रसार, लव जिहाद व हिंदुओं की रक्षा जैसे मुद्दों पर जागरूकता अभियान चलाने का संकल्प दिलाया।उन्होंने कहा युवा सन्यासियों के एक हाथ में गीता और दूसरे में गदा होगा तभी हिंदुओं की रक्षा हो सकेगी। शस्त्रमेव जयते का पालन करते हुए हिंदू युवाओं को शस्त्र धारण करना होगा। शस्त्र धारण करने से ही शास्त्र व धर्म की रक्षा हो सकेगी। इस दौरान अजय मोहन शर्मा, डॉ. यतेंद कुमार, लोकेंद्र पाठन, दुष्यंत भारद्वाज समेत आदि मौजूद रहे।