राम मंदिर निर्माण के लिए सुप्रीम कोर्ट की ओर से गठित राम मंदिर भवन निर्माण समिति का कार्यकाल 2025 के अंत तक पूरा हो रहा है। इसके पहले राम मंदिर के सभी निर्माण कार्य पूरे करने होंगे। निर्माण समिति की बैठक में शामिल होने अयोध्या पहुंचे निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्र ने कहा कि राम मंदिर निर्माण के लिए जो भी इस समय काम की गति है, उसको बढ़ाने का प्रयास हम कर रहे हैं। नृपेंद्र मिश्र ने बताया कि यात्री सुविधा केंद्र में गोस्वामी तुलसी दास की मूर्ति स्थापित कर दी गई है। जयपुर से मूर्तियों के आने का सिलसिला शुरू हो गया है। बाकी सभी मूर्तियां तैयार हैं। सभी का निरीक्षण हो चुका है। रामनवमी के बाद अप्रैल माह में ही सभी मूर्तियां अयोध्या पहुंच जाएंगी। इसके बाद उन मूर्तियों को स्थापित कर दिया जाएगा। नृपेंद्र ने बताया कि सप्त मंदिर का कार्य भी अप्रैल में पूरा कर लिया जाएगा। परकोटा में राम पंचायतन की जो छह मूर्तियां होंगी, 30 अप्रैल को प्राण प्रतिष्ठित कर दी जाएंगी। हालांकि यह निर्णय श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट का होगा। ट्रस्ट की बैठक 16 मार्च को होने जा रही है। इन मूर्तियों के प्रतिष्ठित होने के एक दिन के बाद राम दरबार की मूर्तियां भी प्रतिष्ठित कर दी जाएंगी। उम्मीद है मंदिर का काम अप्रैल माह तक पूर्ण हो जाएगा। परकोटा का कार्य सितंबर 2025 तक पूर्ण हो जाएगा। निर्माण कार्य में तीन महीने का विलंब चल रहा है।