राम मंदिर में रामलला की दिनचर्या 33 दिनों के बाद सामान्य हो गई है। अब उन्हें विश्राम भी मिलने लगा है। इसके पहले प्रयागराज से आने वाले लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ के चलते रामलला लगातार 19 घंटे तक दर्शन दे रहे थे। नई व्यवस्था के तहत सोमवार को राम मंदिर में सुबह 6:30 बजे से दर्शन शुरू हुए। इसके बाद दोपहर में भोग आरती के बाद रामलला को विश्राम भी दिया गया। रात 10:00 बजे मंदिर बंद हुआ। इस बीच में जितनी भी आरती हुई और जितनी बार भोग लगा उतनी बार पट बंद करके रामलला को विश्राम दिया गया। फिलहाल श्रद्धालुओं के आने और जाने के मार्ग की व्यवस्था पहले जैसी ही प्रभावी है। दर्शन पथ से श्रद्धालुओं को प्रवेश दिया जा रहा है। जबकि गेट नंबर तीन से निकासी हो रही है। यह व्यवस्था अभी भी भीड़ बरकरार रहने के चलते आने वाले कुछ दिनों तक प्रभावी रहेगी।