आगरा के थाना किरावली क्षेत्र के कस्बा मिढ़ाकुर के मुस्लिमों ने ताजिया नहीं दफनाने का ऐलान किया है। मुस्लिम समाज के लोगों ने कहा है कि कर्बला जाने वाले रास्ते पर जलभराव की समस्या है। सोमवार से स्थानीय लोग अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हैं। बृहस्पतिवार को चौथे दिन भी धरना जारी रहा। किसान व मजदूर नेता चौधरी दिलीप सिंह धरने का समर्थन करने पहुंचे। उनके साथ में भारतीय किसान मजदूर यूनियन भारत के राष्ट्रीय अध्यक्ष पुष्पेंद्र चौधरी भी थे। धरने पर बैठे अल्पसंख्यक समाज के जब्बार नेता ने कहा कि आगामी छह जुलाई को ताजिए 10वें मुहर्रम को दफनाए जाएंगे। परंतु कर्बला जाने वाले रास्ते पर पानी भरा हुआ है, अगर सफाई नहीं हुई तो मिढ़ाकुर में ताजिए नहीं दफनाएं जाएंगे। वहीं पुलिस टीम के साथ ग्राम सचिव मनोज भगौर, प्रधानपति मनु सोलंकी भी आ गए। धरने में श्याम सोलंकी, काले कुरैशी, शब्बीर कुरैशी, ऊदल सिंह, नासिर, अंसार, गुलाम अली, शीला देवी, विमला, सुधा, सुनीता देवी, अनीता देवी, आदि रहीं। खंड विकास अधिकारी अरुण कुमार का कहना है कि समस्या का समाधान कराने के प्रयास किए जा रहे हैं। रास्ते में भरे पानी को निकालने के लिए मोटर लगाई गई है। पानी कम होने के बाद रास्ते में गिट्टी डलवाई जाएगी।