देशभर में बुजुर्ग-मां बाप के साथ मारपीट करना और उनको भोजन नहीं देने के मामले थम नहीं रहे हैं। टोंक जिले में भी एक ऐसा ही सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां महुआ कॉलोनी गांव निवासी प्रेम देवी मीना के साथ इकलौते बेटे और बहू ने मारपीट कर घर से निकाल दिया। इसके साथ ही पिछले कई महीनों से उसे भोजन भी नहीं दे रहे हैं। पीड़िता प्रेम ने बताया कि दीपावली के त्यौहार के दिन भी इकलौते बेटे ने उसके साथ बेरहमी से मारपीट की और खाना नहीं खाने दिया। इसके बाद पीड़िता को गांव के ही लोगों ने भोजन दिया और रहने को जगह दी।
आज पीड़िता प्रेम देवी अपनी पीड़ा की गुहार लगाने जिला कलेक्टर डॉ सौम्या झा के पास पहुंची तो कलेक्टर डाक्टर सौम्या झा ने पीड़िता का दर्द सुनकर टोंक एसडीएम हुकमीचंद को निर्देशित किया। इसके बाद जब पीड़िता प्रेम देवी एसडीएम के पास पहुंची तो उन्होंने मेहंदवास थानाधिकारी को कार्रवाई करने के निर्देश दिए, साथ ही पीड़िता की ओर से वकील भी नियुक्त करवाकर कोर्ट में भरण पोषण का दावा की तैयारी की। पीड़िता ने बातचीत करते हुए बताया कि उसका इकलौता पुत्र हैं और उसकी बहु उससे आए दिन मारपीट करते हैं ना तो उसे भरपेट भोजन देते हैं ना ही उसकी देखभाल करते हैं।
एसडीएम हुकमीचंद ने बताया कि राज्य सरकार की ओर से सुशासन सप्ताह मनाया जा रहा है। इसी दौरान जिला कलेक्टर डॉ सौम्या झा की ओर से पीड़िता प्रेम देवी की समस्या के समाधान के निर्देश मिले तो हमने तुरन्त मेहंदवास थानाधिकारी को कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं और विधिक मदद के लिए भी वकील की नियुक्ति करवाई है। पीड़िता प्रेम देवी ने भी अधिकारियों द्वारा मदद करने पर धन्यवाद दिया है।