अंता विधानसभा उपचुनाव ने राजस्थान की राजनीति को फिर गरमा दिया है। सचिन पायलट के करीबी माने जाने वाले युवा नेता नरेश मीणा अब कांग्रेस से नाराज होकर चुनावी मैदान में उतरने की तैयारी में हैं। कांग्रेस ने प्रमोद जैन भाया को टिकट देकर नरेश को झटका दिया है। अब अगर पायलट कांग्रेस प्रत्याशी के समर्थन में प्रचार करते हैं, तो उन्हें अपने ही राजनीतिक शिष्य नरेश मीणा का सीधा विरोध करना होगा। यह मुकाबला मीणा–गुर्जर समीकरण को प्रभावित कर सकता है और 2028 के विधानसभा चुनाव की दिशा तय करने वाला साबित हो सकता है