घायल गौरव ने बताया कि वह बहाला गांव का निवासी है और उस पर हमला करने वाला चंद्रप्रकाश भी उसी गांव में रहता है, जो लकवाग्रस्त होने के कारण बोलने में असमर्थ है। गौरव के अनुसार जब वह अपने घर से किसी काम से दुकान पर गया, तभी चंद्रप्रकाश ने अचानक सरिये से हमला कर दिया। गौरव का आरोप है कि चंद्रप्रकाश उस समय शराब के नशे में था और नशे की हालत में ही उसने हमला किया।
गांव वालों का कहना है कि चंद्रप्रकाश लकवाग्रस्त होने के बावजूद अक्सर शराब के नशे में धुत रहता है और नशे में हिंसक हो जाता है। वह पहले भी कई बार गांव के लोगों पर हमला कर चुका है, लेकिन उसकी हालत पर तरस खाकर लोग हर बार उसे माफ कर देते हैं। गौरव ने बताया कि तीन महीने पहले एक दुर्घटना में उसके पैर में फ्रैक्चर हुआ था और उसमें रॉड डली हुई है और चंद्रप्रकाश ने उसी पैर को निशाना बनाकर हमला किया।
चंद्र प्रकाश की हिंसक हरकतों से पूरा गांव परेशान है। लोग उससे बचने के लिए रास्ता बदल लेते हैं, लेकिन उसकी हालत देखकर कोई भी उसके खिलाफ आवाज नहीं उठाता। पुलिस भी उसकी हालत पर तरस खाकर कोई कार्रवाई नहीं करती, जिससे उसका हौसला और बढ़ गया है।
घायल युवक के परिजनों ने बगड़ तिराया थाने में चंद्रप्रकाश के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है और लोग मांग कर रहे हैं कि पुलिस इस बार सख्त कार्रवाई करे, ताकि उसकी हिंसक हरकतों पर रोक लगाई जा सके।