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Ajmer: जेएलएन अस्पताल में गलत इलाज से मरीज की मौत? जांच रिपोर्ट बदलने से हुई गड़बड़, परिजनों ने किया हंगामा

Tue, 14 Jul 2026 08:32 AM IST
अजमेर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अजमेर

अजमेर के जवाहरलाल नेहरू अस्पताल में भर्ती एक मरीज की इलाज के दौरान कथित लापरवाही से मौत का मामला सामने आया है। भीलवाड़ा जिले के शाहपुरा निवासी 66 वर्षीय किसान भंवरलाल के परिजनों ने आरोप लगाया है कि अस्पताल स्टाफ की लापरवाही से उनकी जांच रिपोर्ट किसी अन्य महिला मरीज की रिपोर्ट से बदल गई, जिसके आधार पर डॉक्टरों ने गलत इलाज शुरू कर दिया। आरोप है कि पेट की बीमारी से भर्ती मरीज को किडनी की बीमारी की दवाएं दी गईं, जिससे उनकी हालत लगातार बिगड़ती चली गई और अंततः उनकी मौत हो गई।

परिजनों के अनुसार भंवरलाल को पेट संबंधी बीमारी के चलते 9 जुलाई को महात्मा गांधी अस्पताल, भीलवाड़ा से रैफर कर जेएलएन अस्पताल लाया गया था। इमरजेंसी में भर्ती करने के बाद उनका प्रारंभिक उपचार शुरू हुआ और रात तक उनकी हालत में सुधार भी था। वे सामान्य बातचीत कर रहे थे और खाना खा रहे थे। परिजनों का आरोप है कि 10 जुलाई की सुबह नया इलाज शुरू होने के बाद उनकी मानसिक स्थिति अचानक बिगड़ने लगी। वे परिजनों को पहचान नहीं पा रहे थे, बहकी-बहकी बातें करने लगे और दर्द से तड़पते हुए बार-बार उठने की कोशिश कर रहे थे। इसकी जानकारी ड्यूटी स्टाफ को दी गई लेकिन कोई संतोषजनक कार्रवाई नहीं की गई।

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आरोप है कि 12 जुलाई की रात हालत अत्यंत गंभीर होने पर भी मरीज को समय पर आईसीयू में शिफ्ट नहीं किया गया। परिजनों को स्वयं ट्रॉली ढूंढनी पड़ी, जिसमें करीब 20 मिनट लग गए। इसके बाद लाया गया ऑक्सीजन सिलेंडर भी खाली निकला। दूसरा सिलेंडर लाने और मरीज को आईसीयू तक पहुंचाने में हुई देरी के दौरान ही भंवरलाल ने दम तोड़ दिया। आईसीयू में ईसीजी के बाद डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृतक के मित्र धनराज ने बताया कि पूरे मामले में अस्पताल प्रशासन की गंभीर लापरवाही सामने आई है। परिजनों ने कोतवाली थाने में शिकायत देकर संबंधित डॉक्टरों और नर्सिंग स्टाफ के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

वहीं जेएलएन अस्पताल प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच कमेटी का गठन कर दिया है। अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद यदि किसी स्तर पर लापरवाही पाई जाती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

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