राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आरक्षण मोर्चा ने फगवाड़ा में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का पुतला फूंक प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने नितीश कुमार के विरोध में नारे लगाए तथा भारत की महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू जी के नाम एक मांग पत्र नायब तहसीलदार गुरशरण सिंह को सौंपा। इसके अलावा एक मांग पत्र फगवाड़ा की पुलिस अधीक्षक माधवी शर्मा को भी सौंपा गया। मांग पत्र में बिहार राज्य में महिला डॉक्टर नुसरत परवीन के साथ हुए कथित अपमानजनक कृत्य एवं जबरन हिजाब हटाने की घटना के संबंध में न्याय की मांग की गई। राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आरक्षण मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष सरबर गुलाम सब्बा ने कहा कि सोशल मीडिया, इलेक्ट्रॉनिक एवं प्रिंट मीडिया के माध्यम से एक अत्यंत दुःखद, चिंताजनक एवं निंदनीय घटना देश के समक्ष आई है, जिसमें बिहार राज्य के माननीय मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा एक सरकारी कार्यक्रम के दौरान महिला डॉक्टर नुसरत परवीन का हिंजाब कथित रूप से उनकी इच्छा के विरुद्ध हटाया गया। उन्होंने कहा कि यह कृत्य न केवल एक महिला के आत्मसम्मान, गरिमा एवं निजता पर आघात है, बल्कि भारतीय संविधान द्वारा प्रदत्त धार्मिक स्वतंत्रता (अनुच्छेद 25), व्यक्तिगत स्वतंत्रता, तथा मानवीय गरिमा के मूल सिद्धांतों के भी प्रतिकूल प्रतीत होता है हिजाब किसी भी महिला की व्यक्तिगत, धार्मिक एवं संवैधानिक रूप से संरक्षित पसंद है, जिसमें किसी भी प्रकार का हस्तक्षेप निंदनीय एवं अस्वीकार्य है।