पूर्व कैबीनेट मंत्री और सीनियर अकाली नेता बिक्रमजीत सिंह मजीठिया और आप के राज्यसभा सांसद संजय सिंह के बीच चल रहे मानहानि मामले में सोमवार को दोनों नेताओं को पेश होना था। मजीठिया अपने वकीलों के साथ अदालत में पेश हुए लेकिन आप के राज्यसभा सांसद संजय सिंह पेश नहीं हो सके। अदालती कार्रवाई पूरी करने के बाद मजीठिया वापस चल गए। सांसद संजय सिंह के पेश न होने पर अदालत ने केस की अगली सुनवाई के लिए 19 मई की तारीख तय कर दी। अदालत में पेश होने के बाहर बाहर आए मजीठिया ने कहा कि इस केस में पहले कुछ नेता माफी मांग चुके है। अब सांसद संजय सिंह को अदालत में पेश होने का आदेश हुआ था लेकिन वह पेश नहीं हो पाए। उन्होंने कहा कि संजय सिंह भी बाकी सात सांसदों की तरफ आप छोड़ जाएंगे। कुछ आप के विधायक भी दूसरी पार्टियों में जा रहे हैं। मजीठिया ने कहा कि सरकार उन्हें मरवाना चाहती है। उन्हें लगातार धमकियां मिल रही है जिसके बारे में वे डीजीपी गौरव यादव को बता चुके हैं। उन्हें एक सप्ताह में तीन बार धमकियां मिल चुकी हैं। फोन करने वाला या फिर मैसेज करने वाला खुद को लाॅरेंस बिश्नोई गैंग से संबंधित बताता है। सोमवार सुबह भी उन्हें धमकी भरा मैसेज मिला कि उन्हें मार दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि आईबी रिपोर्ट दे चुकी है कि उन्हें धमकी है लेकिन सरकार उनकी सुरक्षा नहीं करवा रही। उधर, आप की तरफ से कहा गया कि मजीठिया बनाम संजय सिंह मानहानि केस में एक अहम डेवलपमेंट में बिक्रम सिंह मजीठिया का पूरा क्रॉस-एग्जामिनेशन आज खत्म हो गया है। केस अब बहस के लिए रखा गया है। इस क्रॉस-एग्जामिनेशन के पूरा होने के साथ केस 19 मई, 2026 को एसीजेएम लुधियाना में फाइनल बहस के लिए लिस्टेड है।