मध्यप्रदेश के विदिशा जिले में बिजली कंपनी की लापरवाही का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां एक व्यक्ति को बिजली कंपनी ने 68 लाख रुपये से अधिक का बिजली बिल थमा दिया गया, जिसे देखकर उसकी तबीयत बिगड़ गई।
जानकारी के अनुसार, विदिशा शहर निवासी मुरलीलाल तिवारी को बिजली कंपनी ने 69 लाख रुपये से अधिक का बिल भेजा। बिल देखते ही वह घबरा गए और उनकी तबीयत खराब हो गई। यही नहीं, उनके पड़ोस में रहने वाले अन्य लोगों को भी लाखों रुपये के बिजली बिल दिए गए हैं। परेशान लोगों ने इस गड़बड़ी की शिकायत संबंधति अधिकारियों से की तो उनकी बात सुनने के बजाय बिल में पेनल्टी और जोड़ दी गई, जिससे लोग और ज्यादा परेशान हो गए।
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मामले को लेकर बिजली कंपनी के डीएम अरविंद कुमार वर्मा बताया कि स्मार्ट मीटर लगाए गए हैं, जिनकी रीडिंग की जांच कराई गई है। बिल भी रीडिंग के अनुसार ही जारी किए जा रहे हैं। जिन उपभोक्ताओं के बिल अधिक आए हैं और जिन्होंने शिकायत की है, उनकी जांच कर बिलों में संशोधन किया गया है। भविष्य में भी यदि कोई शिकायत आती है तो उसका निराकरण किया जाएगा।
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स्मार्ट मीटर के बाद से शुरू हुई परेशानी
दरअसल, यह समस्या घरों में स्मार्ट मीटर लगाए जाने के बाद सामने आई है। कई उपभोक्ताओं को लाखों रुपये के बिल भेजे गए, जिससे वे मानसिक रूप से परेशान हो गए। कुछ की तबीयत तक बिगड़ गई। लोगों का आरोप है कि बिजली कंपनी के जिम्मेदार अधिकारी उन्हें समाधान देने की बजाय पेनल्टी लगाकर दबाव बना रहे हैं। हालांकि, वरिष्ठ अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद कुछ बिलों में सुधार किया गया है, लेकिन अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि किस उपभोक्ता के बिल में कितना सुधार हुआ है।