दमोह जिले के पटेरा तहसील अंतर्गत आने वाले कुम्हारी थाना क्षेत्र के डोडा गांव में मंगलवार रात सड़क पर ही एक महिला का प्रसव हो गया। 108 एंबुलेंस का चालक महिला को खुद ही चारपाई पर लिटाकर एंबुलेंस तक लेकर आया। क्योंकि गांव तक जाने के लिए रास्ता नहीं है।
जानकारी के अनुसार, महिला शारदा पति प्रमोद अहिरवार (22) ने अपने घर से कुछ दूर सड़क पर ही एक शिशु को जन्म दे दिया। प्रसव पीड़ा के बाद परिवार के लोगों ने एंबुलेंस को फोन लगाया। समय पर एंबुलेंस भी पहुंच गई, लेकिन गांव से करीब दो किमी जाकर खड़ी हो गई। क्योंकि गांव तक जाने के लिए सड़क नहीं थी।
बता दें कि जंगली इलाके में रहने वाले करीब 25 से 30 परिवार पगडंडियों के रास्ते ही मुख्य मार्ग तक आना जाना करते हैं। रात में प्रसव पीड़ा के बाद एंबुलेंस आने की सूचना पर जब परिवार के लोग महिला को पैदल लेकर एंबुलेंस तक जाने के लिए निकले, तो रास्ते में ही महिला ने शिशु को जन्म दे दिया। एंबुलेंस के कर्मचारी तक खबर पहुंची तो पायलट पप्पू अहिरवार और एमएलटी डॉक्टर हनुमत यादव खुद उस महिला की मदद करने के लिए गांव तक बहुत पैदल पहुंच गए और वहां से एक चारपाई पर महिला और शिशु को लिटाकर टॉर्च के उजाले में एंबुलेंस तक लाए और फिर उन्हें कुम्हारी के शासकीय अस्पताल पहुंचाया।
अस्पताल पहुंचने के बाद महिला और शिशु का चेकअप किया गया, जो पूरी तरह स्वस्थ बताए गए। महिला शारदा की यह दूसरी डिलीवरी है उसने बेटी को जन्म दिया है। फिलहाल महिला और शिशु अस्पताल में भर्ती है जहां उनकी देखभाल की जा रही है। इस नजारे ने सरकार के दावों की हकीकत भी बता दी क्योंकि आज भी पिछड़े इलाके तक सड़क मार्ग नहीं है। जिस कारण लोगों की बीमार होने पर इसी तरह परेशानी का सामना करना पड़ता है।