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Umaria News: अमिलिहा में व्यापारी की जघन्य हत्या का खुलासा, चार गिरफ्तार, बहाने से रास्ता रोककर किए थे 34 वार

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उमरिया Updated Fri, 04 Jul 2025 02:24 PM IST

उमरिया जिले के अमिलिहा गांव में एक वृद्ध व्यापारी की नृशंस हत्या का पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। हत्या के एक महीने बाद पुलिस ने चार पेशेवर अपराधियों को गिरफ्तार कर इस संगीन वारदात की परतें खोली हैं। जिला कंट्रोल रूम में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस के दौरान पुलिस अधीक्षक निवेदिता नायडू ने बताया कि यह हत्याकांड पूरी तरह से योजनाबद्ध था, जिसे आरोपियों ने मिलकर शहडोल में प्लान किया और अमिलिहा में अंजाम दिया।

एसपी नायडू के अनुसार चारों आरोपी विनय उर्फ श्याम किशोर गुप्ता, दीपक गुप्ता, अतुल बर्मन और ऑटो चालक आदित्य उपाध्याय घटना के दिन ऑटो में सवार होकर अमिलिहा पहुंचे। उन्होंने पेट्रोल खत्म होने का बहाना बनाकर वृद्ध व्यापारी से दरवाजा खुलवाया और मौका मिलते ही धारदार हथियारों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया।

इस बर्बर हमले में व्यापारी की मौके पर ही मौत हो गई। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में बताया गया कि मृतक के शरीर पर कुल 34 गंभीर घाव थे, जो हमले की क्रूरता को दर्शाते हैं। हैवानियत की हद पार करते हुए आरोपियों ने मृतक की लगभग 90 वर्षीय मां पर भी हमला किया, हालांकि वह उपचार के बाद बच गईं। हत्या के बाद अपराधियों ने घर में लगे सीसीटीवी कैमरे का डीवीआर, डीटीएच बॉक्स, मोबाइल फोन और सोने-चांदी के आभूषण चोरी लिए और घटनास्थल से फरार हो गए। वारदात को इतनी सफाई से अंजाम दिया गया कि पुलिस को शुरुआत में कोई ठोस सुराग नहीं मिल सका, जिससे जांच में काफी समय लग गया।

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पुलिस ने जब सीमावर्ती जिलों के थानों से समन्वय किया, तकनीकी साक्ष्य जुटाए और खुफिया जानकारी एकत्र की, तब जाकर इस केस में बड़ी सफलता मिली। शहडोल से चारों आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ ही यह भी सामने आया कि ये सभी आरोपी आपराधिक गतिविधियों में पहले से सक्रिय हैं और इनके खिलाफ विभिन्न थानों में आपराधिक रिकॉर्ड दर्ज हैं।

फिलहाल पुलिस इन आरोपियों से पूछताछ कर रही है और इनके पुराने आपराधिक रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि कहीं इनका जुड़ाव अन्य संगठित गिरोहों या लंबित मामलों से तो नहीं है। यह घटना न केवल अमिलिहा, बल्कि पूरे जिले के लिए एक चेतावनी है कि अब संगठित अपराध छोटे कस्बों तक भी अपने पैर पसार चुके हैं। पुलिस को सतर्कता के साथ निगरानी तंत्र को और अधिक मजबूत करने की आवश्यकता है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर समय रहते लगाम लगाई जा सके।

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