सिंहस्थ 2028 की तैयारियों के क्रम में सांसद अनिल फिरोजिया ने यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए अनोखी पहल की है। जब उन्होंने सड़क पर जाम देखा तो वे खुद सड़क पर उतरकर ट्रैफिक को संभालते नजर आए और राहगीरों को यातायात नियमों के पालन के लिए समझाया। सांसद ने मौके पर देखा कि कई वाहन गलत स्थानों पर खड़े हैं, जिससे जाम की स्थिति उत्पन्न हो रही थी। उन्होंने तत्काल कार्रवाई करते हुए इन वाहनों को हटवाया और यातायात को सुचारू किया।
उज्जैन में चल रहे सड़कों के चौड़ीकरण और विस्तारीकरण कार्यों के चलते यातायात पर दबाव बढ़ गया है। प्रशासन ने वैकल्पिक मार्गों की व्यवस्था की है, ताकि व्यापारिक गतिविधियां और यातायात प्रभावित न हों। हालांकि इन दिनों कुछ क्षेत्रों में जाम की गंभीर स्थितियां बनी रही हैं, जिससे स्थानीय नागरिकों को काफी कठिनाई का सामना करना पड़ा। सांसद फिरोजिया ने कहा कि सिंहस्थ केवल प्रशासन का आयोजन नहीं, बल्कि उज्जैन की सामूहिक जिम्मेदारी है। हर समस्या के लिए केवल प्रशासन को दोष देना उचित नहीं है। यदि व्यापारी वर्ग और आमजन नियमों का पालन करें और सहयोग करें, तो यातायात संबंधी समस्याओं को काफी हद तक नियंत्रित किया जा सकता है। उन्होंने आम लोगों और व्यापारियों से अपील की कि वे नियमों का पालन करें, ताकि ट्रैफिक संबंधी समस्याओं को नियंत्रित किया जा सके।
इसलिए लगता है जाम
बताया जाता है कि कुछ व्यापारी और स्थानीय नागरिक सड़कों पर अपने वाहन खड़े कर देते हैं। इससे सड़कें संकरी हो जाती हैं और यातायात का दबाव बढ़ने से लंबा जाम लग जाता है। इस स्थिति से आम यात्रियों, विशेषकर महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को धूप और भीड़ में काफी असुविधा का सामना करना पड़ता है।स्थानीय नागरिकों के अनुसार, हाल ही में कई इलाकों में गंभीर जाम की स्थिति बनी, जिसमें आमजन काफी देर तक फंसे रहे। कुछ जागरूक नागरिकों ने स्वयं आगे बढ़कर व्यापारियों से बातचीत की और वाहनों को हटवाया। इस दौरान कुछ लोगों में नाराजगी भी देखी गई।