फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Shahdol News: गर्भवती महिला को पहले नाव से पार कराई नदी, फिर अस्पताल पहुंचाया गया, चालक नहीं लाया 108 एंबुलेंस

Fri, 01 Aug 2025 03:13 PM IST
शहडोल ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शहडोल

शहडोल जिले के पपौंध क्षेत्र में रहने वाली गर्भवती सीमा केवट को प्रसव पीड़ा के दौरान सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाने के लिए उसके परिजनों को नाव का सहारा लेना पड़ा। सीमा का गांव नदी के दूसरी ओर स्थित है, पुल नहीं होने के कारण उसे नाव से सोन नदी पार करवाई गई।

जानकारी के अनुसार, सीमा केवट ग्राम बरा बघेलहा की निवासी हैं। जब उन्हें प्रसव पीड़ा हुई, तो उनके परिजनों ने पहले उन्हें नाव से सोन नदी पार कराया। नदी पार करने के बाद परिजनों ने 108 एंबुलेंस पर फोन कर जानकारी दी कि एंबुलेंस नदी के किनारे आकर उन्हें अस्पताल ले जाए। लेकिन, एंबुलेंस चालक ने यह कहते हुए मना कर दिया कि कीचड़ के कारण वह वाहन को नदी के किनारे तक नहीं ला सकता।

ये भी पढ़ें: दोस्तों को पत्र लिखकर कहा-मुझे नाचते हुए विदा करना; पांच साल बाद मौत; बैंड की धुन पर नाचा यार

सीमा के परिजनों का कहना है कि उन्होंने हर संभव प्रयास किया, लेकिन चालक ने एंबुलेंस लगभग एक किलोमीटर पहले ही रोक दी। कहा कि एंबुलेंस के कीचड़ में फंसने की आशंका के कारण वह आगे नहीं आ पाएगा। मजबूरी में उन्होंने एक निजी वाहन किराए पर लेकर गर्भवती महिला को अस्पताल पहुंचाया। प्रसूता की रिश्तेदार शशि केवट ने बताया कि सोन नदी पर पुल का निर्माण कार्य जारी है, लेकिन फिलहाल स्थानीय लोगों को अस्पताल या बाजार पहुंचने के लिए नाव का सहारा लेना पड़ रहा है। अभी भी नदी के उस पार बसे कई गांवों के लोग स्वास्थ्य सेवाओं के लिए पूरी तरह नाव पर निर्भर हैं।

ये भी पढ़ें: सोने की चमक में चौंधियाई आंखें, शिक्षक ने गहने गिरवीं रख खरीदे 5KG सिक्के, अब पीट रहा माथा; कैसे फंसा?

केवल सीमा केवट ही नहीं, बल्कि अन्य गर्भवती महिलाओं को भी इसी तरह की कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। इससे साफ जाहिर होता है कि विकास कार्यों की गति और गुणवत्ता दोनों में कमी है, जो ग्रामीण आबादी की स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच को गंभीर रूप से प्रभावित कर रही है।

विज्ञापन

Latest

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
AU ऐप में पढ़ें