ओंकारेश्वर बांध प्रबंधन की कथित लापरवाही एक बार फिर सामने आई, जब बिजली उत्पादन के लिए अचानक और अनुमान से कहीं अधिक पानी छोड़ दिया गया। इसके कारण नर्मदा नदी के खेड़ी घाट क्षेत्र में 10 से अधिक कंपनी के इंजीनियर और मजदूर बीच नदी में फंस गए। समय रहते स्थानीय नाविकों और गोताखोरों ने साहस दिखाते हुए सभी को सुरक्षित बाहर निकाला। पानी का बहाव यदि थोड़ा और बढ़ जाता, तो यह घटना गंभीर जनहानि में बदल सकती थी...