फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Maihar News: यहां मोबाइल पर बात करने के लिए छोड़ना पड़ता है गांव, डिजिटल युग में भी नेटवर्क से जूझ रहा मनौरा

Sun, 21 Jun 2026 09:31 PM IST
मैहर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मैहर

आज जब देश फाइव जी तकनीक, डिजिटल भुगतान और ऑनलाइन सेवाओं के नए दौर में प्रवेश कर चुका है, तब भी मैहर जिले का मनौरा गांव मोबाइल नेटवर्क की मूलभूत सुविधा से वंचित है। यहां के लोगों के लिए मोबाइल फोन केवल एक उपकरण बनकर रह गया है, क्योंकि नेटवर्क के अभाव में न तो ठीक से बात हो पाती है और न ही इंटरनेट का उपयोग संभव हो पाता है गांव के लोगों का कहना है कि नेटवर्क की समस्या अब उनकी रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बन चुकी है।

किसी जरूरी कॉल के लिए उन्हें घर से निकलकर कई किलोमीटर दूर ऐसे स्थानों तक जाना पड़ता है जहां मोबाइल सिग्नल मिल सके। कई बार ग्रामीण पेड़ों, ऊंचे स्थानों और खेतों के किनारों पर जाकर नेटवर्क तलाशते नजर आते हैं।

तकनीक बढ़ी, लेकिन गांव अब भी पीछे
सरकार द्वारा डिजिटल सेवाओं के विस्तार के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। बैंकिंग से लेकर शिक्षा, स्वास्थ्य और शासन की अधिकांश सेवाएं ऑनलाइन हो चुकी हैं। लेकिन मनौरा गांव के निवासियों के लिए ये सुविधाएं केवल कागजों तक सीमित दिखाई देती हैं। नेटवर्क नहीं होने के कारण ग्रामीण कई डिजिटल योजनाओं और सुविधाओं का पूरा लाभ नहीं ले पा रहे हैं।

संकट के समय सबसे बड़ी चुनौती
ग्रामीण बताते हैं कि जब किसी परिवार में अचानक स्वास्थ्य संबंधी समस्या आती है या किसी दुर्घटना की सूचना देनी होती है, तब नेटवर्क का अभाव गंभीर समस्या बन जाता है। कई बार एम्बुलेंस या स्वास्थ्य सेवाओं से संपर्क करने में देरी हो जाती है। ऐसे हालात में संचार व्यवस्था की कमी लोगों की चिंता बढ़ा देती है।

विद्यार्थियों का भविष्य भी प्रभावित
गांव के विद्यार्थियों को भी नेटवर्क समस्या का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। ऑनलाइन पढ़ाई, प्रतियोगी परीक्षाओं के आवेदन, रिजल्ट और अध्ययन सामग्री प्राप्त करने के लिए इंटरनेट आवश्यक हो गया है, लेकिन कमजोर नेटवर्क के कारण छात्रों को बार-बार दूसरे क्षेत्रों का रुख करना पड़ता है। इससे समय और धन दोनों की बर्बादी होती है। कृषि क्षेत्र में भी इंटरनेट महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। मौसम का पूर्वानुमान, फसलों की जानकारी, सरकारी योजनाओं के पोर्टल और मंडियों के भाव अब ऑनलाइन उपलब्ध हैं। लेकिन मनौरा गांव के किसान इन सुविधाओं का समुचित लाभ नहीं ले पा रहे हैं। नेटवर्क न होने के कारण कई बार जरूरी जानकारियां समय पर नहीं मिल पातीं।

ये भी पढ़ें- MP: गुना में 70 लाख का डोडाचूरा जब्त, राजस्थान से एमपी आ रही थी यह खेप; घेराबंदी में फंसा अंतरराज्यीय तस्कर

'गांव में लगे मोबाइल टॉवर'
मनौरा के ग्रामीणों ने प्रशासन और दूरसंचार विभाग से गांव में मोबाइल टावर स्थापित करने की मांग की है। उनका कहना है कि आसपास के कई गांवों में नेटवर्क सुविधा उपलब्ध है, लेकिन मनौरा आज भी इस सुविधा के लिए संघर्ष कर रहा है। ग्रामीणों का मानना है कि यदि गांव में मोबाइल टावर स्थापित हो जाए तो संचार, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार से जुड़ी अनेक समस्याओं का समाधान हो सकता है।

डिजिटल युग में जहां इंटरनेट और मोबाइल नेटवर्क विकास की पहचान बन चुके हैं, वहीं मनौरा गांव की स्थिति यह सवाल खड़ा करती है कि क्या अब भी कुछ गांव ऐसे हैं जो डिजिटल क्रांति की पहुंच से दूर हैं। ग्रामीणों को उम्मीद है कि उनकी वर्षों पुरानी समस्या पर जल्द ध्यान दिया जाएगा और गांव को भी बेहतर नेटवर्क सुविधा मिल सकेगी।  

विज्ञापन

Latest

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
AU ऐप में पढ़ें