मध्यप्रदेश के खंडवा जिले की पवित्र नगरी ओंकारेश्वर में हाल ही में श्रद्धालुओं की संख्या में अप्रत्याशित वृद्धि देखी जा रही है। देश-प्रदेश से यहां पहुंच रहे भक्तों की बढ़ती संख्या के कारण ज्योतिर्लिंग मंदिर की दर्शन व्यवस्था में विभिन्न समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं। सूचना तंत्रों के माध्यम से पता चला है कि कुछ असामाजिक तत्व श्रद्धालुओं से अनुचित ढंग से व्हीआईपी दर्शन के नाम पर पैसे वसूलते हैं और सामान्य दर्शन व्यवस्था को बाधित कर रहे हैं। कई श्रद्धालुओं ने अभद्रता की शिकायतें भी दर्ज कराई हैं।
इन समस्याओं को देखते हुए, खंडवा जिला कलेक्टर ऋषव गुप्ता ने ओंकारेश्वर मंदिर में दर्शन व्यवस्था को सुव्यवस्थित करने और असामाजिक तत्वों पर नियंत्रण स्थापित करने के निर्देश दिए हैं। इसके तहत जिले के प्रभारी डिप्टी कलेक्टर मुकेश काशिव को अस्थायी रूप से मंदिर परिसर की व्यवस्थाओं को सुधारने का दायित्व सौंपा गया है।
डिप्टी कलेक्टर की जिम्मेदारियां
खंडवा जिला कलेक्टर के आदेशानुसार, प्रभारी डिप्टी कलेक्टर मुकेश काशिव निम्नलिखित कार्यों को अंजाम देंगे:
सामान्य एवं व्हीआईपी दर्शन व्यवस्था को सुचारु रूप से संचालित करना।
असामाजिक तत्वों द्वारा पैसे लेकर व्हीआईपी दर्शन करवाने की प्रथा को रोकना।
मंदिर परिसर में कानून-व्यवस्था बनाए रखना।
झूला पुल पर भीड़ को नियंत्रित करना।
श्रद्धालुओं से अभद्रता करने वालों पर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करना।
संदिग्ध व्यक्तियों द्वारा अनैतिक गतिविधियों, भ्रामक जानकारी फैलाने या कानून-व्यवस्था को बाधित करने के प्रयासों पर सख्त कार्यवाही करना।
सख्त निगरानी और कानूनी प्रावधान
इस आदेश का उल्लंघन करने वालों पर भारतीय दंड संहिता की धारा 223 के तहत कार्यवाही की जाएगी। प्रभारी डिप्टी कलेक्टर को अनुविभागीय दंडाधिकारी पुनासा से समन्वय स्थापित कर अपने दायित्वों का निर्वहन करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा, कानून-व्यवस्था की दृष्टि से घटित होने वाली छोटी से छोटी घटनाओं की जानकारी जिला कलेक्टर और अनुविभागीय दंडाधिकारी पुनासा को देने का भी निर्देश दिया गया है।