फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Damoh News: यह तो हद है! अधिकारियों के क्षेत्र में दूसरी बार बना दी सड़क, आम लोगों की सड़कें दस साल से जर्जर

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दमोह Updated Sun, 30 Mar 2025 04:15 PM IST

दमोह शहर की सड़कों की दो तस्वीरें देखने मिल रही हैं। यहां अधिकारियों के क्षेत्र की सड़कें दोबारा बना दी गईं, जबकि आम लोगों के यहां की सड़कें दस साल से जर्जर हैं।

दरअसल पीडब्ल्यूडी द्वारा कलेक्ट्रेट के बाजू से स्थित ऑफिसर कॉलोनी में डामर की सड़कें बनाई जा रहीं हैं। इसमें जिला पंचायत सीईओ, अपर कलेक्टर, एसडीएम, तहसीलदार, मजिस्ट्रेट सहित अन्य अधिकारियों के बंगलों के सामने सड़कें चकाचक नजर आने लगी हैं। हैरानी की बात तो यह है यहां पर पहले से बनी सड़कों पर नई सड़क बना दी गई है। जबकि पूर्व में जो सड़कें बनी थीं, वह अभी काफी अच्छी हालत में थीं। उनमें एक भी गड्डा नहीं था। वहीं शहर के अंदर की सड़कें खराब हालत में हैं।

ये भी पढ़ें- बड़ी देवी मंदिर में उमड़ा जन सैलाब, माता को जल अर्पण करने सुबह चार बजे से पहुंचे श्रद्धालु

गौरतलब है कि ऑफिसर कॉलोनी में तीन साल पहले ही डामर की सड़कों का निर्माण किया था। यहां पर आमजनों की आवाजाही रोकने के लिए सॉलोमन बंगला एवं डायमंड पार्क के बाजू से बीच में लोहे के खंभे लगाकर बेरिकेडिंग की गई। साथ ही
फाइबर के ब्रेकर भी लगवाए गए थे। इससे यहां पर बनी सड़कों की हालत काफी अच्छी थी। फिर भी अफसरों को प्रसन्न करने के लिए दोबारा सड़कें बनाई गई हैं। इसको लेकर लोगों में सवालिया निशान खड़े हो रहे हैं। जबकि पीडब्ल्यूडी के अंतर्गत आने वाली दर्जनों सड़कें 10 साल से जर्जर हालत में हैं। इससे लोगों को आवागमन में खासी मुसीबत हो रही हैं, लेकिन उनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है।

जिले के पथरिया विधानसभा क्षेत्र में अधिकांश सड़कें जर्जर हालत में हैं। पथरिया से पूर्व मंत्री गोपाल भार्गव के गृह नगर गढ़ाकोटा जाने वाला मार्ग पूरी तरह से उखड़ गया है। इसी तरह पथरिया से केरबना, बटियागढ़, कैथोरा से निबौरा, जेरठ-पिपरिया निबोरा मार्ग से भी डामर गायब हो गया है। इससे लोगों को आवागमन में खासी मुसीबत हो रही है। साथ ही आए दिन हादसे भी हो रहे हैं, लेकिन इन सड़कों पर विभाग द्वारा कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा।

ये भी पढ़ें- रानी दमयंती संग्रहालय में संरक्षित हैं 10वीं शताब्दी की दुर्लभ प्रतिमाएं, अदभुत है इनकी नक्काशी

बंद पड़ा मॉडल रोड का निर्माण
शहर के जटाशंकर तिराहा से कलेक्ट्रेट महाराणा प्रताप चौराहे तक बनने वाली आधा किमी मॉडल सड़क का काम पिछले एक माह से बंद पड़ा है। यहां पर एजेंसी द्वारा सड़क के बीचों बीच बिजली के खंभे लगा दिए गए हैं, लेकिन उसके बाद से काम बंद है। इससे लोगों को आवागमन में खासी मुसीबत हो रही है। हैरानी की बात तो यह है कि इसी मार्ग से रोज कलेक्टर, एसपी सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी निकलते हैं, इसके बावजूद भी नगर पालिका द्वारा सड़क के निर्माण कार्य में लापरवाही बरती जा रही है।

रिन्यूअल का है नियम
पीडब्ल्यूडी के ईई अनिल कुमार अठ्या ने बताया ऐसा नियम है कि हर तीन से चार साल में सड़कों का रिन्यूअल किया जाए। ताकि जो सड़कें अच्छी रहें खराब न हों। इसी नियम के तहत ऑफिसर कॉलोनी में सड़कें बनाई जा रही हैं। जहां-जहां बजट स्वीकृत होता है, वहां सड़कें बनाई जाती हैं।

Latest

विज्ञापन

Recommended

विज्ञापन
Next
एप में पढ़ें