दमोह जिले की पटेरा तहसील अंतर्गत कुआंखेड़ा गांव में एक परिवार ने अपने बेटे की रछवाई घोड़े पर निकालने के लिए पुलिस सुरक्षा की मांग की है। बंसल परिवार का कहना है कि गांव में पहली बार यह परंपरा शुरू की जा रही है, ऐसे में संभावित विवाद की आशंका को देखते हुए सुरक्षा जरूरी है। इस संबंध में बुधवार दोपहर एससी महासभा की ओर से पुलिस अधीक्षक श्रुतकीर्ति सोमवंशी को ज्ञापन सौंपा गया।
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ज्ञापन में बताया गया कि 5 फरवरी को नंदू पिता झल्लू बंसल की रछवाई घोड़े पर गांव में निकाली जानी है। परिवार को आशंका है कि कुछ दबंग लोग इस पर आपत्ति कर सकते हैं। मामले को गंभीरता से लेते हुए एसपी ने हटा थाना पुलिस को गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए। बुधवार देर रात पटेरा तहसीलदार उमेश तिवारी पुलिस बल के साथ कुआंखेड़ा गांव पहुंचे और बंसल परिवार व ग्रामीणों से चर्चा की। झल्लू बंसल ने बताया कि उन्होंने किसी की ओर से सीधी धमकी नहीं मिलने की बात कही, लेकिन एहतियात के तौर पर पुलिस सुरक्षा चाहते हैं।
तहसीलदार उमेश तिवारी ने बताया कि गांव में सभी समाज के लोग आपसी भाईचारे के साथ रहते हैं। ग्रामीणों से बातचीत के दौरान किसी प्रकार के विरोध या विवाद की स्थिति सामने नहीं आई। गांव के लोगों ने एकजुट होकर आश्वासन दिया कि बंसल परिवार अपने बेटे की रछवाई घोड़े पर शांतिपूर्ण तरीके से निकाल सकता है और कोई विवाद नहीं होगा। लेकिन एहतियात के तौर पर प्रशासन की ओर से स्थिति पर नजर रखी जा रही है।