स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर समाजवादी पार्टी ने भाजपा सरकार पर कई मुद्दों को लेकर निशाना साधा। पार्टी नेताओं ने लाखों क्रांतिकारियों और शहीदों को नमन करते हुए कहा कि उनके बलिदान से देश स्वतंत्र हुआ। उन्होंने कहा कि संविधान मजबूत होगा तो लोकतंत्र भी मजबूत होगा और संविधान की मजबूती के लिए हर त्याग किया जाएगा। सपा नेताओं ने कहा कि आजादी के बाद भी किसान सबसे ज्यादा परेशान है। सरकार पर शिक्षा के क्षेत्र में संकट पैदा करने और स्वास्थ्य व्यवस्था को बदहाल करने का आरोप लगाते हुए कहा कि स्वास्थ्य विभाग को खुद इलाज की जरूरत है। पुलिस व्यवस्था पर भी सवाल उठाते हुए इसे सरकार के कार्यकाल की सबसे खराब पुलिस व्यवस्था बताया। भाजपा पर निशाना साधते हुए नेताओं ने कहा कि जिन्होंने तिरंगे का सम्मान नहीं किया, वे आज तिरंगा यात्रा निकाल रहे हैं। उन्होंने भाजपा और आजादी को एक-दूसरे का विलोम बताया। कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे को लेकर भी सवाल उठाते हुए कहा कि पहली बरसात में सड़क ढह गई, जबकि 63 किलोमीटर सड़क की लागत चार हजार करोड़ रुपये से अधिक है। नेताओं ने कहा कि लाल किला झूठ बोलने की जगह नहीं है। महिला आरक्षण विधेयक 2027 में लागू करने की मांग करते हुए कहा कि सपा इसके लिए तैयार है। साथ ही सत्ता में आने पर समाजवादी पेंशन फिर शुरू करने का दावा किया।