जगरनाथ महतो झारखंड सरकार के केवल एक शिक्षा मंत्री मात्र नहीं थे। वह कुर्मी बहुल गिरिडीह, बोकारो और धनबाद इलाके में झामुमो के टाइगर भी थे। इस क्षेत्र में उनकी दहाड़ थी। दूसरे को पछाड़ने की ताकत थी। इस लिहाज से जगरनाथ महतो के जाने के बाद हेमंत सोरेन सरकार के अंदर और बाहर, दोनों का समीकरण बदलेगा।