कांग्रेस के दिग्गज नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कई लोगों के नाम और उनसे संबंधित अन्य जानकारी को दिखा दिया था। उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान चुनाव आयोग को घेरा और कई आरोप लगाए। राहुल गांधी की प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद से ही प्रयागराज के एक शख्स की मुश्किलें बढ़ गईं हैं। शख्स का आरोप है कि प्रेस कॉन्फ्रेंस में राहुल गांधी ने उसकी निजता के अधिकार का उल्लंघन किया। उनका कहना है कि मेरा महाराष्ट्र से आने-जाने का कोई यात्रा इतिहास नहीं है, इसलिए मेरी वोटर आईडी महाराष्ट्र में बनाई या हटाई नहीं जा सकती।
अंजनी मिश्रा ने कहा कि राहुल गांधी ने अपनी पीसी में मेरा नंबर सार्वजनिक कर दिया, जिससे मुझे बहुत परेशानी हुई। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र में वोट चोरी हो गए और मेरी वोटर आईडी डिलीट कर दी गई, जो कि सच नहीं है। उन्होंने आगे कहा कि मेरा महाराष्ट्र से आने-जाने का कोई यात्रा इतिहास नहीं है, इसलिए मेरी वोटर आईडी महाराष्ट्र में बनाई या हटाई नहीं जा सकती।
उन्होंने अपनी परेशानियों के बारे में बताते हुए कहा कि मुझे अज्ञात, फर्जी और धोखाधड़ी वाले कॉल आ रहे हैं। मुझे इसे अपने नजदीकी पुलिस स्टेशन में दर्ज कराना होगा। यह मेरी निजता का उल्लंघन भी है। यह नंबर मेरे पास पिछले 15 वर्षों से है। मुझे कभी कोई समस्या नहीं हुई। इसे फर्जी तरीके से प्रदर्शित किया गया था, और मैं इसकी शिकायत करूंगा।
बता दें कि गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान राहुल गांधी ने कहा था कि भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को भारतीय लोकतंत्र को नष्ट करने वाले लोगों को बचाना बंद करना चाहिए। हमने आपको यहां 100% पुख्ता सबूत दे दिया है। उन्होंने कहा था कि चुनाव आयोग को इन फोन नंबरों, इन ओटीपी का डेटा एक हफ्ते के भीतर जारी करना होगा।