इंटरनेशनल सोलर एलायंस यानी अंतरराष्ट्रीय सौर संधि के शुभारंभ पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में दुनिया को भारत के प्राचीन इतिहास और वेदों के ज्ञान से परिचित कराया। पीएम मोदी ने कहा कि अगर हमें पर्यावरण संरक्षण करना है तो इसके लिए वेदों में लिखित ज्ञान को अपनाना होगा। साथ ही पीएम नरेंद्र मोदी ने सौर ऊर्जा क्षेत्र के लिए रियायती और कम जोखिम वाला कर्ज उपलब्ध कराने का आह्वान करते हुए देश में 2022 तक अक्षय ऊर्जा स्रोतों से बिजली उत्पादन को 175 गीगावॉट तक पहुंचाने की प्रतिबद्धता जताई।