केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने मंगलवार को इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल (ई20) की बिक्री पर हो रही आलोचनाओं का जवाब दिया। उन्होंने आलोचकों को चुनौती दी कि वे एक भी ऐसी गाड़ी का नाम बताएं जिसे मिश्रित ईंधन से परेशानी हुई हो। गडकरी ने 'विकसित भारत कॉन्क्लेव' में कहा कि भारत की जीवाश्म ईंधन पर निर्भरता एक आर्थिक बोझ है। ईंधन आयात पर सालाना 22 लाख करोड़ रुपये खर्च होते हैं। यह पर्यावरण के लिए भी खतरा है, इसलिए स्वच्छ ऊर्जा अपनाना देश की प्रगति के लिए महत्वपूर्ण है।