कोलकाता में भारी बारिश इन दिनों आफत बनकर बरसी है। मौसम में अचानक हुए बदलाव से हर कोई हैरान है, परेशान है। सड़कों पर पानी है पानी में बच्चे तैर रहे है। रोड पर कार पानी में चलती नजर आई है। आलम ये है कि सोमवार आधी रात से मंगलवार सुबह तक भयंकर बारिश हुई है खबरों की मानें तो जिसने पिछले कई दशकों का रिकॉर्ड तोड़ दिया। सात घंटे में 252 मिमी बारिश दर्ज हुई, जिसको लेकर सामने आई जानकारी के मुताबिक ये शहर की सालाना औसत बारिश का करीबन 20 फीसदी हिस्सा है। तेज बारिश के कारण शहर के कई बड़े इलाकों को जलमग्न देखा गया। वहीं आपको ये भी बता दे की इस बारिश में कम से कम 10 लोगों की जान गई है, जबकि सड़क, रेल और हवाई यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ। मौसम के इस कहर से राज्य के सबसे बड़े त्योहार दुर्गा पूजा की तैयारियों पर भी संकट छा गया है। बता दे की इन दिनों कोलकाता में बारिश सोमवार आधी रात के करीब शुरू हुई और मंगलवार सुबह तक लगातार होती रही। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो इस बारिश ने पुराने दिनों की याद ताजा की है। तकरीबन ऐसी ही स्थिति साल 1978 में भी दुर्गा पूजा से पहले हुई 280 मिमी बारिश ने शहर को डुबो दिया था। जबकि 1986 में भी 259.5 मिमी की बारिश से कोलकाता बेहाल हुआ था। वहीं इस बीच शहर की बारिश को लेकर मेयर ने क्या कुछ जानकारी दी है। वहीं इस बीच एक मामला उठने लगा की कोलकाता में बादल फटा जिसके बाद इस तरह का मामला देखने को मिले, हालांकि अब IMD ने इसको लेकर जानकारी दी है उन्होंने बताया है की ऐसी कोई स्थिति नहीं हुई थी। बादल फटने की घटना होने के बाद एक घंटे में 100 मिमी से ज्यादा बारिश जरूरी होती है।