सिनेमाघरों में लोग फिल्म तो देखने जाते हैं लेकिन इंटरवल में पॉपकॉर्न वही खा पाते हैं जिनके जेब में पैसा थोड़ा ज्यादा हो। जाहिर सी बात है मूवी से ज्यादा महंगे पॉपकॉर्न हैं, पॉपकॉर्न तो छोड़िए पीने का पानी भी जरूरत से ज्यादा महंगा है। इसी को लेकर दिल्ली हाईकोर्ट में एक याचिका दायर की गई है जिसमें ये सवाल उठाया गया है।