JDU नेता नीरज कुमार ने कहा, "प्रथम चरण का नामांकन प्रारंभ हो चुका है। दूसरे प्रदेश के नेता और मुख्यमंत्री भी यहां आ रहे हैं. यह बिहार के लिए महत्वपूर्ण है कि दूसरे राज्य के मुख्यमंत्री नामांकन समारोह में आ रहे हैं. राजद नेता तेजस्वी यादव के नामांकन दाखिल करने पर उन्होंने कहा, "तेजस्वी यादव राजनीति के 'ललबबुआ' साबित हो गए हैं। आप महागठबंधन के नेता हैं और अपने आप को मुख्यमंत्री पद का दावेदार मानते हैं लेकिन हालात यह हैं कि नामांकन भी स्वतंत्र रूप से भरने में मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ा.आपके गठबंधन के घटक दल के नेता कहां हैं?" पहले चरण के तहत आने वाली सीटों पर जेडीयू या गठबंधन के कौन से प्रमुख उम्मीदवारों ने नामांकन दाखिल किया है, या पार्टी की पहली उम्मीदवार सूची में किनके नाम हैं।
उन्होंने गठबंधन (NDA) के भीतर सीट बंटवारे को लेकर राष्ट्रीय नेतृत्व के अधिकार और महागठबंधन में सीट बंटवारे में देरी पर टिप्पणी की होगी, खासकर तब जब पहले चरण के नामांकन की आखिरी तारीख नजदीक आ रही हो। जेडीयू की पहली उम्मीदवार सूची, जिसमें नए चेहरों पर दांव लगाने की बात हो सकती है, इस पर उनकी प्रतिक्रिया। उन्होंने चुनावी प्रक्रिया के संदर्भ में अन्य राजनीतिक दलों के नेताओं या उनकी गतिविधियों पर भी बयान दिए होंगे।वह अक्सर राष्ट्रीय जनता दल और तेजस्वी यादव पर राजनीतिक रूप से हमलावर रहते हैं, उन पर भ्रष्टाचार, परिवारवाद और बिहार के विकास के लिए ठोस योजना की कमी जैसे आरोप लगाते हैं।नीरज कुमार जेडीयू के एक प्रभावी नेता, विधान पार्षद और मुख्य प्रवक्ता हैं, जो अपनी पार्टी की नीतियों का जोरदार ढंग से बचाव करते हैं और विपक्ष पर तीखे हमले बोलते हैं।
ये सीटें पटना, भोजपुर, बक्सर, मुजफ्फरपुर, वैशाली, दरभंगा, समस्तीपुर, मधेपुरा, सहरसा, खगड़िया, बेगुसराय, मुंगेर, लखीसराय, शेखपुरा, नालंदा, गोपालगंज, सीवान और सारण सहित 18 जिलों में फैली हुई हैं। उम्मीदवार के साथ आने वाले व्यक्तियों की संख्या सीमित कर दी गई है। उम्मीदवार सहित अधिकतम पाँच व्यक्ति ही नामांकन के समय उपस्थित रह सकते हैं।